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हिसार के राजकीय महाविद्यालय, हिसार में शहीदी दिवस के अवसर पर आयोजित दुर्लभ दस्तावेजों और छायाचित्रों की दो दिवसीय प्रदर्शनी में लगभग चार हजार विद्यार्थियों ने भाग लिया। इस ऐतिहासिक प्रदर्शनी में विद्यार्थियों को हिसार के इतिहास और स्वतंत्रता संग्राम में क्षेत्र के योगदान के बारे में जानकारी दी गई।
प्रदर्शनी का आयोजन क्षेत्रीय अभिलेखागार विभाग द्वारा किया गया, जिसमें स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े ऐतिहासिक दस्तावेज, प्रशासनिक अभिलेख, दुर्लभ छायाचित्र और ऐतिहासिक नक्शे प्रदर्शित किए गए। विद्यार्थियों ने इन दस्तावेजों और छवियों के माध्यम से आजादी के आंदोलन और सामाजिक संघर्षों को नजदीक से समझा।
महिला सेनानियों के योगदान पर विशेष प्रकाश
प्रदर्शनी में विशेष रूप से हिसार की महिला स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को उजागर किया गया, जिन्होंने देश की आजादी के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। विद्यार्थियों ने इन वीरांगनाओं की कहानियों को जानकर प्रेरणा ली।
सहायक निदेशक का प्रेरणादायक संदेश
सहायक निदेशक अनिल कुमार ने विद्यार्थियों को ऐतिहासिक दस्तावेजों और स्वतंत्रता संग्राम की दुर्लभ छवियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा, “इतिहास को जानना केवल ज्ञान अर्जित करना नहीं, बल्कि इससे प्रेरणा लेकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना आवश्यक है।” उन्होंने विद्यार्थियों को अपने सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर के संरक्षण के प्रति जागरूक रहने का भी संदेश दिया।
विद्यार्थियों ने दिखाया उत्साह
प्रदर्शनी में महाविद्यालय के विभिन्न विभागों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और स्वतंत्रता सेनानियों के पत्रों, नक्शों और प्रशासनिक अभिलेखों का अवलोकन किया। उन्होंने इस प्रदर्शनी को इतिहास की जीवंत झलक बताते हुए कहा कि इससे उन्हें स्वतंत्रता संग्राम और सामाजिक आंदोलनों के संघर्षों को करीब से जानने का अवसर मिला।
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VIDEO : हिसार में शहीदी दिवस पर ऐतिहासिक प्रदर्शनी, चार हजार विद्यार्थियों ने देखा दुर्लभ दस्तावेज और छायाचित्र



