Sidhu Moose wala murder: कैसे एक छोटे से सुराग से पंजाब पुलिस ने सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड की साजिश का किया पर्दाफाश? जानिए अब तक क्‍या-क्‍या हुआ


मनसा: ये अक्‍सर कहा जाता है क‍ि अपराधी हर अपराध के बाद कोई न कोई सुराग छोड़ ही जाता है। पंजाबी गायक शुभदीप सिंह सिद्धू, उर्फ सिद्धू मूसेवाला (sidhu moose wala) की हत्‍या करने वाले अपराधी भी इस गलती से नहीं बच पाए। उनकी एक छोटी की गलती को पंजाब पुलिस ने पकड़ा और अब हत्‍या की साजिश रचने वालों को लेकर रोज कोई न कोई खुलासा हो रहा।

पंजाब पुलिस ने दावा किया है कि तकनीकी इनपुट के बाद हत्‍या में इस्तेमाल की गाड़‍ियों में मिले एक छोटे से सुराग से उन्हें यह पता लगाने में मदद मिली क‍ि कैसे पंजाबी गायक शुभदीप सिंह सिद्धू, उर्फ सिद्धू मूसेवाला की हत्या की साजिश रची गई थी। इसकी मदद से ही उन्‍होंने कई घटनाओं का खुलासा किया। इस सुराग के कारण अंततः मुख्य साजिशकर्ता गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई सहित 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने वारदात में शामिल चार शूटरों की भी पहचान की है। सिद्धू मूसेवाला की 29 मई को उस समय गोली मारकर हत्या कर दी गई थी जब वह अपनी महिंद्रा थार वाहन से कही जा रहे थे।

कैसे हुआ खालासा?
एडीजीपी एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) हमारे सहयोगी टीओआई को बताते हैं क‍ि घटनाओं का खुलासा कैसे हुआ एक महत्वपूर्ण सुराग था 25 मई को बोलेरो से फतेहाबाद स्थित पेट्रोल पंप की ईंधन रसीद की बरामदगी जो कि हत्‍या में इस्तेमाल की गई कार थी और बाद में जगह से लगभग 13 किमी दूर ख्याला गांव के पास छोड़ी गई थी। उन्होंने आगे कहा कि उसी दिन सीसीटीवी फुटेज इकट्ठा करने के लिए तुरंत एक पुलिस दल फतेहाबाद के पेट्रोल स्टेशन पर भेजा गया था।

‘पुलिस टीमों ने सीसीटीवी फुटेज हासिल की। फुटेज की मदद से एक आदमी की पहचान हुई जो शूटर था जो सोनीपत का था और उसका नाम प्रियव्रत था। पेट्रोल पंप पर डीजल भरने से पहले और बाद में बोलेरो जिस रास्‍ते से गई, वहां की भी फुटेज ली गई। इसी तरह, इंजन नंबर और चेसिस नंबर की मदद से बोलेरो के मालिक का पता लगाया गया।’ वे आगे बताते हैं।

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गौरतलब है कि पुलिस ने हत्‍या के लिए इस्‍तेमाल की गई महिंद्रा बोलेरो, टोयोटा कोरोला और ऑल्टो कार समेत सभी वाहन बरामद कर लिए हैं। टोयोटा कोरोला में सवार हमलावरों ने बंदूक की नोक पर एक सफेद ऑल्टो कार को चुराया जो घटना के दौरान क्षतिग्रस्त हो गई और सफेद बोलेरो के बाद खारा बरनाला गांव की ओर भाग गए। सफेद ऑल्टो भी 30 मई, 2022 को जिला मोगा में धर्मकोट के पास लावारिस पाया गया था और सीसीटीवी फुटेज से आरोपी के रास्‍तों का पता लगाया गया।

गोल्डी बराड़ और सचिन थापन का करीबी ले आए शूटर
तिहाड़ जेल दिल्ली से पेशी वारंट पर लाए गए गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को गिरफ्तार करने के अलावा अन्य नौ गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बठिंडा के चरणजीत सिंह उर्फ चेतन, सिरसा, हरियाणा के संदीप सिंह उर्फ केकड़ा, तलवंडी साबो, बठिंडा के मनप्रीत सिंह उर्फ मन्ना, ढाईपई, फरीदकोट के मनप्रीत भाऊ, गांव डोडे कलसिया, अमृतसर के सरज मिंटू, तख्त-मॉल, हरियाणा के प्रभदीप सिद्धू उर्फ पब्बी, हरियाणा के सोनीपत में रेवली गांव के मोनू डागर, पवन बिश्नोई और नसीब दोनों हरियाणा के फतेहाबाद के रहने वाले हैं, के रूप में हुई।

मनप्रीत भाऊ जिसे 30 मई, 2022 को उत्तराखंड के चमोली से गिरफ्तार किया गया था। क्‍योंक‍ि उसकी भी कोरोला कार का इस्तेमाल किया गया था। पूछताछ के दौरान उसने खुलासा किया कि उसने दो शूटरों मोगा के मनु कूसा और जगरूप सिंह को कार दी थी और ऐसा करने के लिए उसे अमृतसर के मनप्रीत मन्ना उर्फ रूपा ने कहा था। उसने यह भी बताया किया कि शूटरों को सराज मिंटू लेकर आया था जो गोल्डी बराड़ और सचिन थापन का करीबी सहयोगी है।

मारने से पहले घर की रेकी
3 जून 2022 को गिरफ्तार किए गए प्रभदीप सिद्धू उर्फ पब्बी ने पूछताछ में बताया कि उसने गोल्डी बराड़ के दो साथी को अपने पास रुकवाया था जिन्‍होंने सिद्धू मूसेवाला के घर की रेकी करने में उनकी मदद की थी। उन्होंने घर का दौरा भी किया है और कैमरों आदि की जांच की। विश्वसनीय इनपुट के बाद, गोल्डी बराड़ और लॉरेंस बिश्नोई के करीबी सहयोगी मोनू डागर को प्रोडक्शन वारंट पर लाया गया है।

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पूछताछ में उसने बताया क‍ि उसने गोल्डी बराड़ के कहने पर सोनीपत के प्रियव्रत और अंकित नाम के दो शूटरों की व्‍यवस्‍था की। उन्होंने यह भी खुलासा किया कि फतेहाबाद के पवन बिश्नोई और नसीब दोनों ने घटना में इस्तेमाल होने वाली सफेद बोलेरो सादुल शहर से खरीदी थी और बठिंडा के किसी केशव के माध्यम से शूटरों को सौंप दिया था और उन्हें ठिकाना भी मुहैया कराया था।

संदीप केकड़ा जिसे 6 जून, 2022 को गिरफ्तार किया गया था, ने पूछताछ के दौरान खुलासा किया कि सिरसा हरियाणा में तख्त मल के निक्कू के साथ कलियांवाली का उसका भाई बिट्टू मूसेवाला के कार्यकमों की रेकी कर रहा था।

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Written by Haryanacircle

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