कुरुक्षेत्र। गो गीता गायत्री सत्संग सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ सेक्टर-8 के पार्क में मंगल कलश यात्रा के साथ हुआ। कलश यात्रा से पूर्व भागवत कथा के यजमान सुशील चित्रा (संरक्षक), संदीप नैन (प्रधान), प्रवीण बैरागी (प्रधान) सुरेंद्र यादव ने पूजन, कलश पूजन किया। इसके बाद सौभाग्यवती महिलाओं की ओर से कलश यात्रा निकाली गई।
भागवत प्रवक्ता कथावाचक अनिल शास्त्री ने कलश यात्रा की महिमा को बताते हुए कहा कि सनातन धर्म में भागवत कथा का विशेष महत्व होता है। यह केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं बल्कि आध्यात्मिक जागरण और भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का सार भी है। किसी भी भागवत कथा के शुभारंभ से पहले कलश यात्रा निकालने की परंपरा होती है, जो पूरे आयोजन को शुभता प्रदान करती है।
वेदाचार्य ने कहा कि कलश यात्रा को पवित्रता, सकारात्मक ऊर्जा और शुभ संकेत का प्रतीक माना जाता है। यह यात्रा देवी-देवताओं का आह्वान करने के साथ-साथ आस-पास के वातावरण की शुद्धि के लिए भी महत्वपूर्ण मानी जाती है। इस अवसर पर आचार्य रंगनाथ शास्त्री ने पूजन संपन्न करवाया।

पिहोवा। श्रीमद्भागवत कथा के उपलक्ष्य आयोजित कलश यात्रा में हिस्सा लेते श्रद्धालु। विज्ञप्ति– फोटो : Samvad