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कुरुक्षेत्र। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने शुक्रवार को जल संरक्षण के संबंध में गठित जिला स्तरीय कमेटी के सदस्यों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले में बारिश के पानी की एक-एक बूंद को बचाने के लिए सभी अधिकारियों को साझे प्रयास करने होंगे और निर्धारित समय अवधि में निर्धारित लक्ष्यों को पूरा करना होगा। इस जिले में सरकारी विभागों के कार्यालयों पर और निजी घरों की छतों पर वाटर हार्वेस्टिंग स्ट्रक्चर बनाने के प्रति जागरूकता लानी होगी।
बैठक में चार अधिकारी गैर हाजिर रहे, जिन्हें नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण देने को कहा गया है। उन्हें सोमवार को पूरी रिपोर्ट के साथ पांच बजे तक उपस्थित होना होगा।
बैठक में पहले सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता मनीष बब्बर ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों के लक्ष्यों और किए गए कार्यों की प्रगति रिपोर्ट को प्रस्तुत किया। उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जल संरक्षण के लिए अधिकारियों को गंभीरता के साथ काम करना होगा। उपायुक्त ने कहा कि डी-प्लान से भी जल संरक्षण के लिए कार्य किया जा सकता है। इस जिले में 187 कार्यों में से 58 कार्य चल रहे हैं, इस जिले में परंपरागत वाटर बॉडिज के लिए भी 74 कार्यों पर काम किया जा रहा है। इन कार्यों पर अभी तक 33 लाख रुपये का बजट खर्च किया जा चुका है, जिले में रियूज व रिचार्ज स्ट्रक्चर के लिए 90 विकास कार्य चल रहे हैं। इस विषय के लिए सभी विभागों को लक्ष्य दिए गए हैं। इसलिए अधिकारी समय रहते अपने लक्ष्यों को पूरा करें और प्रगति रिपोर्ट को फोटो सहित पोर्टल पर अपलोड करना सुनिश्चित करें।
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Kurukshetra News: जल संरक्षण पर बुलाई बैठक में गैर हाजिर रहे चार अधिकारी, नोटिस जारी




