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करनाल। भारतीय गेहूं एवं जौ अनुसंधान संस्थान में गेहूं और जौ की फसल सुरक्षा परीक्षणों से जुड़े सटीक डाटा रिकॉर्डिंग व रिपोर्टिंग का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुक्रवार को संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम में गुजरात, कर्नाटक और हरियाणा राज्यों से आए कुल 15 प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रशिक्षण के पहले दिन प्रतिभागियों को खेतों में ले जाकर गेहूं की प्रमुख बीमारी पीला रतुआ के लक्षणों, उसके प्रसार और प्रभावी प्रबंधन उपायों की जानकारी दी। दूसरे दिन फसल सुधार विभाग के प्रधान अन्वेषक डॉ. अरुण गुप्ता ने अंतरराष्ट्रीय गेहूं सहयोग कार्यक्रम पर व्याख्यान दिया। प्रशिक्षण के अंतिम दिन पंजाब कृषि विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ डॉ. बेअंत सिंह ने गेहूं और जौ में लगने वाले कीटों की पहचान, उनके जीवन चक्र व फसल परीक्षणों के दौरान डाटा संग्रह की वैज्ञानिक विधियों की जानकारी दी। कार्यक्रम में डॉ. अनुज कुमार, डॉ. सतीश कुमार, डॉ. रविन्द्र कुमार, डॉ. सुनील कुमार आदि मौजूद रहे। ब्यूरो
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Karnal News: गुजरात, कर्नाटक और हरियाणा के प्रतिभागियों को दिया प्रशिक्षण




