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चरखी दादरी। पिछले लंबे समय से पेयजल संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे गांव बास के ग्रामीणों को जल्द ही राहत मिलने वाली है। जन स्वास्थ्य विभाग ने जलघर की क्षमता बढ़ाने, जलघर में आरसीसी टैंक बनवाने व गांव में नई पेयजल बिछाने के लिए 5.57 करोड़ रुपये के कार्यों की निविदाएं जारी कर दी हैं। विभाग के अधिकारी का कहना है कि जल्द ही संबंधित एजेंसी को कार्य आदेश जारी कर दिए जाएंगे। संबंधित एजेंसी को जलघर का काम पूरा करने के लिए एक साल का समय निर्धारित किया गया है। जलघर बनने के बाद करीब साढ़े तीन हजार की आबादी को फायदा मिलेगा।
गांव बास के जलघर के टैंकों में चवे का पानी आने से सप्लाई में खारा पानी पहुंच रहा था। वहीं पहले से बिछाई गई लाइन की गहराई भी 6 से 8 फीट तक बनी हुई थी जिससे ग्रामीणों को पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पहुंच पाता था। इसके कारण ग्रामीणों को पानी संबंधी कार्य पूरे करने के लिए महंगे दामों में पानी के टैंकर व पीने के लिए कैंपर मंगवाने पड़ते थे। गांव में बनी पेयजल की समस्या के चलते लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। समस्या के समाधान के लिए ग्रामीण कई बार विभाग के अधिकारियों से मिल चुके थे लेकिन विभाग के पास योजना अनुसार बजट न होने से समाधान नहीं हो पाया था। पेयजल संकट से परेशान ग्रामीणों ने विधायक सुनील सांगवान से मिल कर समाधान करवाने की मांग रखी गई थी। इसके बाद स्थानीय विधायक के प्रयासों से गांव में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए 5.57 करोड़ रुपये के बजट को स्वीकृति मिली है। इसके बाद विभाग ने निविदाएं आवंटित कर एजेंसी को कार्य अलॉट कर दिया है।
इस परियोजना के तहत गांव तक पानी पहुंचाने के लिए लोहारू कैनाल पर पंप हाऊस का निर्माण भी कराया जाएगा। वहीं गांव में बिछी पुरानी पाइप लाइन के स्थान पर नई लाइन बिछाई जाएगी।
योजना अनुसार इतनी क्षमता का बनेगा रिजर्व टैंक
योजना से जुड़े गांव बास में पेयजल आपूर्ति सुदृढ़ करने के लिए जल घर परिसर में आधा एमएलडी वाटर ट्रीटमेंट प्लांट बनाया जाना है। जबकि 50 गुना 56 मीटर का रिजर्व टैंक बनाया जाएगा। वहीं गांव के घर-घर तक पेयजल सप्लाई के लिए करीब 6,700 मीटर लंबी नई पाइप लाइन बिछवाई जाएगी। ताकि ग्रामीणों की पेयजल किल्लत संबंधी समस्या का स्थाई समाधान हो सके।
साढ़े तीन हजार की आबादी को मिलेगी राहत
गांव में जलघर से खारा व दूषित पानी आने के कारण ग्रामीणों को अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि घरेलू जरूरतें पूरी करने के लिए पानी के टैंकर मंगवाते हैं। वहीं पीने के लिए कैंपर मंगवाने पड़ रहे हैं। जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। अब यह परियोजना पूरी होने के बाद करीब साढ़े तीन हजार की आबादी को राहत मिल सकेगी।
वर्सन :
गांव बास के जलघर की क्षमता बढ़ाने व मरम्मत के कार्य के लिए निविदा जारी कर दी गई है। एजेंसी को कार्य आदेश जारी करने के बाद काम शुरू करवा दिया जाएगा। संबंधित एजेंसी को एक वर्ष की अवधि में काम पूरा करना होगा।
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Charkhi Dadri News: 5.57 करोड़ से गांव बास की पेयजल व्यवस्था होगी दुरुस्त, साढ़े तीन हजार ग्रामीणों को मिलेगी राहत




