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चंडीगढ़। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट भवन के विस्तार को लेकर हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ प्रशासन पर सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। रविवार को मुख्य न्यायाधीश के कैंप कार्यालय में हुई सुनवाई के दौरान अदालत ने यूटी प्रशासन को आदेश दिया कि करीब 20.50 लाख वर्गफुट अतिरिक्त निर्माण से संबंधित कॉन्सेप्ट नोट बिना किसी देरी के केंद्र सरकार को भेजा जाए ताकि इसे समय रहते इंटरनेशनल मैनेजमेंट प्लान में शामिल किया जा सके।
पीठ ने कहा कि यह मामला अत्यंत समय-संवेदनशील है और प्रशासन किसी भी स्तर पर ढिलाई न बरते। अदालत ने निर्देश दिए कि अतिरिक्त निर्माण क्षेत्र से संबंधित पहला कॉन्सेप्ट नोट 20 जनवरी से पहले केंद्र सरकार को प्रेषित किया जाए जबकि केंद्र सरकार को यह प्रस्ताव 21 जनवरी तक संबंधित प्राधिकरणों को अग्रसारित करना होगा। इसके साथ ही हाईकोर्ट ने यूटी प्रशासन को यह भी कहा कि वह केंद्र के अलावा अन्य संबंधित एजेंसियों को भी यह प्रस्ताव सीधे ई-मेल के माध्यम से भेजे ताकि प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा न आए।
सुनवाई के दौरान अदालत ने यह भी रिकॉर्ड किया कि सभी पक्ष इस बात पर सहमत हैं कि यह मामला समय के विरुद्ध दौड़ बन चुका है। फाउंडेशन ले कॉर्बूजिए को कॉन्सेप्ट नोट भेजने की अंतिम तिथि 21 जनवरी निर्धारित है। इसी वजह से अदालत ने इस मामले को 21 जनवरी के लिए पुनः सूचीबद्ध करते हुए अर्जेंट लिस्ट में शामिल करने के निर्देश दिए।
यह जनहित याचिका विनोद धतरवाल सहित अन्य याचिकाकर्ताओं की ओर से दायर की गई है। सुनवाई के दौरान यूटी प्रशासन ने पीठ को बताया कि दो कॉन्सेप्ट नोट और उनसे संबंधित ड्रॉइंग तैयार कर ली गई हैं। इनमें एक प्रस्ताव 20.50 लाख वर्गफुट और दूसरा 19.80 लाख वर्गफुट अतिरिक्त निर्माण से संबंधित है। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट बार एसोसिएशन और याचिकाकर्ता पक्ष दोनों ने बड़े, यानी 20.50 लाख वर्गफुट वाले प्रस्ताव का समर्थन किया।
उल्लेखनीय है कि 5 दिसंबर 2025 को पारित आदेश में अदालत ने हाईकोर्ट परिसर में स्थान की कमी को अत्यंत गंभीर बताते हुए कहा था कि विस्तार योजना वर्ष 2014 में शुरू हुई थी। जुलाई 2020 में विस्तृत परियोजना रिपोर्ट को सैद्धांतिक मंजूरी मिली लेकिन हेरिटेज से जुड़ी आपत्तियों के चलते परियोजना अटक गई। इस दौरान मामलों और न्यायाधीशों की संख्या लगातार बढ़ती रही जबकि रजिस्ट्री स्टाफ तंग और अपर्याप्त हवादार कमरों में काम करने को मजबूर है।
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Chandigarh News: हाईकोर्ट भवन विस्तार पर सख्त रुख, 20.50 लाख वर्गफुट निर्माण प्रस्ताव तुरंत भेजने के आदेश

