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अंबाला सिटी। धार्मिक अपशिष्ट के वैज्ञानिक और विधिपूर्ण निस्तारण के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है।
रविवार को श्रीकाली माता मंदिर प्रांगण में आयोजित बैठक में पंडित पंकज शर्मा ने कहा कि नदियों और पेड़ों के नीचे पूजन सामग्री फेंकने से न केवल पर्यावरण दूषित होता है, बल्कि आस्था का अनादर भी होता है। इस मुहिम के तहत मंदिरों और घरों से निकलने वाले खंडित चित्रों, मूर्तियों और जीर्ण ग्रंथों को एकत्र करने के लिए एक समिति बनाई गई है। मंदिर के अध्यक्ष विनय भोला ने बताया कि पुजारियों के माध्यम से जनता को जागरूक किया जाएगा। संवाद
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