सोनीपत से पढ़ाई करने गया था, सेना में भर्ती कर लिया, रूस-यूक्रेन युद्ध में अंकित की मौत Haryana News & Updates

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Russia Ukraine War Indian Death: हरियाणा के सोनीपत के गांव कुराड के युवक अंकित की रूस यूक्रेन युद्ध में मौत, रूसी सेना में जबरन भर्ती, शव पहुंचते ही गांव में मातम, परिवार ने भारतीयों के रेस्क्यू की मांग की. अंकित अपने परिवार का इकलौता बेटा था. पिछले साल रूस पढ़ाई के लिए गया था.

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. अंकित के मामा संजय और पवन ने उसकी मौत के साथ साथ रूस जाने की पूरी जानकारी सांझा की.

सोनीपत. हरियाणा के सोनीपत के युवक की रूस यूक्रेन युद्द में मौत हो गई. गांव कुराड का रहने वाला अंकित नाम का युवक साल 2025 में रूस में रोजी रोटी कमाने गया था, लेकिन उसे रूसी सेना में जबरदस्ती सेना में भर्ती कर लिया गया. अब उसकी मौत से गांव और आसपास के इलाके में मातम पसरा है.

जानकारी के अनुसार, अंकित अपने माता पिता के बुढ़ापे का इकलौता सहारा था और अंकित का शव आज जब गांव कुराड पहुंचा तो चीख पुकार मच गई..

26 साल का एक नौजवान युवक अंकित अपने परिजनों को समझा बुझाकर करीब एक एकड़ जमीन बेचकर साल 2025 में कुछ रुपए लेकर रूस में पढ़ाई करने पहुंच गया और वहां उसने एक होटल में पहले तो नौकरी करनी शुरू की और बाद में जब रूस और यूक्रेन में युद्ध शुरू हुआ तो हजारों भारतीय नौजवानों के साथ-साथ रूसी सेना ने अंकित को भी जबरदस्ती भर्ती कर लिया और उसे कुछ ही महीने की ट्रेनिंग के बाद हथियार थमा कर यूक्रेनी सेना से लड़ने के लिए सीमा पर भेज दिया गया.

अंकित की बहन अन्नू ने रोते हुए बताया कि उसका भाई पढ़ाई करने के लिए रूस गया था .

परिवार ने बताया कि रूसी सेना ने उसे जबरदस्ती भर्ती किया और भर्ती ना होने की एवज में उसे आतंकवादी घोषित करने की धमकी दी गई और उसी धमकी से डरते हुए उसने रूसी सेना का साथ दिया. करीब छह माह से उसका संपर्क उसके परिजनों से नहीं हो रहा था और उसके परिजन इसको लेकर बेचैन हो रहे थे. हालांकि, अब उसका शव गांव कुराड में पहुंचा. शव से लिपट पर मां बाप और बहनें आंसू रोक नहीं पाई. परिजनों ने सरकार से अन्य युवकों के रेस्क्यू की गुहार लगाई है ताकि भारत के किसी अन्य मां बाप को यह दिन ना देखना पड़े. अंकित का परिजनों में विधि विधान से दाह संस्कार किया.

अंकित अपने माता पिता के बुढ़ापे का इकलौता सहारा था.

अंकित की बहन अन्नू ने रोते हुए बताया कि उसका भाई पढ़ाई करने के लिए रूस गया था और उसे जबरदस्ती वहां सेना में भर्ती करवाया गया. मेरी सरकार से गुहार है कि सभी भारतीयों को वहां से जल्द से जल्द निकला जाए. अंकित के मामा संजय और पवन ने उसकी मौत के साथ साथ रूस जाने की पूरी जानकारी सांझा की.

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Vinod Kumar Katwal

Vinod Kumar Katwal, a Season journalist with 14 years of experience across print and digital media. I have worked with some of India’s most respected news organizations, including Dainik Bhaskar, IANS, Punjab K…और पढ़ें

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