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अंबाला। सिटी के सिंघावाला चौक से सोमवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने एक झोलाछाप डॉक्टर को 1300 रुपये में एमटीपी किट बेचते मौके पर पकड़ लिया। दशमेश क्लीनिक पर दी दबिश के दौरान टीम ने मंजीत सिंह को काबू किया। विभाग ने सूचना मिलने के बाद एक डिकोय महिला को भेजा था। पहले तो मंजीत सिंह ने दो हजार रुपये मांगे थे। बाद में 1300 रुपये में देने की बात कही थी। पहले आरोपी ने एक हजार रुपये लिए और बाद में 300 लिए तभी टीम ने दबिश देकर काबू कर लिया।
दबिश देने वाली टीम में पीएनडीटी के नोडल ऑफिसर एवं डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. मुकेश कंडारा व डॉ. ऋषिपाल थे। डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. मुकेश कंडारा ने बताया कि आरोपी मंजीत सिंह बिना किसी मान्यता व मेडिकल डिग्री के लोगों का उपचार कर रहा था। जांच के दौरान टीम ने मौके से एमटीपी किटें भी बरामद की है। यह किट अवैध तरीके से गर्भपात कराने के लिए इस्तेमाल की जाती हैं, जिनका बिना विशेषज्ञ की देखरेख में उपयोग करना महिलाओं के स्वास्थ्य और जीवन के लिए गंभीर खतरा है। अंबाला सदर थाना पुलिस ने डिप्टी सिविल सर्जन मुकेश की शिकायत पर मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी।
विभाग की टीम ने नोटों के नंबर कर रखे थे नोट, क्लीनिक किया सील
स्वास्थ्य विभाग ने डिकोय को भेजने से पहले दिए गए नोटों के नंबर लिख लिए थे। बाद में महिला को क्लीनिक में भेजा गया था, जैसे ही डॉक्टर ने रुपये लिए तो टीम ने दबिश दी। साथ ही उन नोटों के साथ पकड़ लिया। पुलिस ने क्लीनिक को भी सील करवा दिया है। क्लीनिक के बाहर आरोपी ने आयुर्वेदिक बीईएमएस, सीएमएस, ईडी डॉक्टर मंजीत सिंह का बोर्ड लगा रखा था। विभाग ने जब डिग्री मांगी तो वह दिखा नहीं पाया। इसी तरह से टीम ने अंबाला सिटी सिविल सर्जन कार्यालय के सामने क्लीनिक पर अगस्त में कार्रवाई करते हुए दुकानदार को काबू किया था।
प्रदेश में अवैध रूप से चिकित्सा व्यवसाय करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। नकली झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ अभियान लगातार जारी है। सूचना मिलने के बाद ही दशमेश क्लीनिक पर दबिश देकर झोलाछाप डॉक्टर को काबू किया गया है।
– डॉ. मुकेश, नोडल ऑफिसर, पीएनडीटी अंबाला
सिटी के सिंघावाला चौक पर एमटीपी किट देते पकड़ा गया झोलाछाप डॉक्टर मंजीत को ले जाती हुई पुलिस: स
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