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पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने एक अहम फैसले में स्पष्ट किया है कि यदि पति अपनी पत्नी के कर्ज को चुकाने के लिए स्वयं चेक जारी करता है तो वह बाद में जिम्मेदारी से नहीं बच सकता। अदालत ने दंपति की सजा और मुआवजा बरकरार रखते हुए उन्हें करीब 5.75 करोड़ रुपये का भुगतान करने और एक वर्ष का कठोर कारावास भुगतने का आदेश दिया है।
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हाईकोर्ट का अहम फैसला: पत्नी का कर्ज चुकाने को दिए चेक तो जिम्मेदारी से नहीं बच सकता पति, दंपती की सजा बरकरार


