[ad_1]
पंजाबी सूफी गायक हंसराज हंस की पत्नी रेशम कौर का 62 साल की उम्र में निधन हुआ है। – फाइल फोटो

पंजाब के जालंधर से संबंध रखने वाले प्रसिद्ध सूफी गायक व भाजपा के पूर्व सांसद हंसराज हंस की पत्नी रेशम कौर का निधन हो गया है। बीमारी के बाद आज दोपहर को उन्होंने जालंधर के टैगोर अस्पताल में अंतिम सांस ली।
.
वह बॉलीवुड सिंगर दलेर मेहंदी की समधन थीं। दलेर मेहंदी की बेटी अजीत कौर की शादी रेशम कौर के बेटे नवराज हंस से हुई है। बता दें कि आज से करीब 16 दिन बाद 18 अप्रैल को हंसराज हंस की एनिवर्सरी थी।
रेशम कौर के निधन के बाद से परिवार में शोक की लहर है। हंसराज हंस के घर में उनके रिश्तेदार दुख प्रकट करने के लिए पहुंच रहे हैं। घर के अंदर टेंट सहित अन्य तैयारी शुरू हो गई हैं।
हंसराज हंस के घर उनकी पत्नी के निधन की सूचना के बाद शोक जताने पहुंचते रिश्तेदार।
हृदय संबंधी बीमारी के चलते निधन जानकारी के अनुसार, हंसराज हंस की पत्नी रेशम कौर लंबे समय से हृदय संबंधी बीमारी से पीड़ित थीं। कुछ समय से वह जालंधर के टैगोर अस्पताल में भर्ती थीं। हाल ही में बीमारी के चलते उनके स्टंट भी डाला गया था। इसके बाद भी उन्हें कोई ज्यादा फर्क नहीं पड़ा था। अब 62 साल की उम्र में उन्होंने आखिरी सांस ली है।
कल सुबह 11 बजे अंतिम संस्कार रेशम कौर के भाई परमजीत सिंह ने बताया है कि आज दोपहर करीब 2 बजे रेशम का निधन हुआ है। पिछले 5 दिनों से वह अस्पताल में दाखिल थीं। पहले वह बिल्कुल सेहतमंद थीं। उन्हें स्वास्थ्य संबंधी कोई समस्या नहीं थी, लेकिन कुछ दिन पहले अचानक उन्हें पहली बार अटैक आया था।
इस वजह से उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां डॉक्टर अच्छे से उनकी देखभाल भी कर रहे थे। परमजीत सिंह ने बताया है कि गुरुवार को सुबह 11 बजे हंसराज हंस के पैतृक गांव शफीपुर में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

रेशम कौर के भाई परमजीत सिंह जानकारी देते हुए।
हंसराज हंस के बारे में जानिए…
दिल्ली पश्चिम से BJP के सांसद थे हंसराज हंस पंजाबी सूफी गायक हंसराज हंस मूल रूप से जालंधर के गांव शफीपुर के रहने वाले हैं। उनका जन्म 9 अप्रैल 1962 में हुआ था। पंजाब के सूफी गायकों में हंसराज हंस अपने समय पर पहले नंबर पर थे। वह पाकिस्तान के सबसे बड़े गायक हुए नुसरत फतेह अली खान के साथ भी गाना गा चुके हैं।
अकाली दल से सियासत की, कांग्रेस से जुड़े, अब BJP में हंसराज हंस ने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत शिरोमणि अकाली दल (SAD) के सदस्य के रूप में की थी। जालंधर से 2009 का लोकसभा चुनाव लड़े थे, जिसमें वह हार गए। इसके बाद वह कांग्रेस के साथ जुड़ गए थे, जहां उन्हें ज्यादा मौका नहीं मिला। इसके बाद वह BJP में शामिल हुए।

सिंगर हंसराज हंस का परिवार के साथ फाइल फोटो।
फरीदकोट सीट से लोकसभा चुनाव लड़े, हार मिली वह 2019 में दिल्ली पश्चिम सीट से BJP के सांसद बने। इसके बाद बीजेपी ने उन्हें 2024 में हुए लोकसभा चुनाव में पंजाब की फरीदकोट सीट से उम्मीदवार था। उन्हें निर्दलीय सर्बजीत सिंह खालसा ने हरा दिया था। सर्बजीत खालसा पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या करने वाले बेअंत सिंह के बेटे हैं।

2008 में पद्मश्री से सम्मानित हुए हंसराज हंस को संगीत में उनके योगदान के लिए 2008 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया। हंसराज हंस की शादी 18 अप्रैल 1984 को रेशम कौर के साथ हुई थी। उनके परिवार में पत्नी रेशम कौर के गुजरने के बाद दो बेटे, नवराज हंस और युवराज हंस हैं। नवराज हंस एक गायक हैं, जबकि युवराज हंस अभिनेता हैं।

[ad_2]
पंजाबी गायक हंसराज हंस की पत्नी का निधन: बीमारी के चलते जालंधर के अस्पताल में अंतिम सांस ली; दलेर मेहंदी की समधन थीं – Jalandhar News