काला रंग माना जाता है अशुभ, फिर मंगलसूत्र के काले मोती कैसे बन जाते हैं शुभ? Haryana News & Updates

[ad_1]

Last Updated:

काला रंग कई जगह अशुभ माना जाता है, मगर मंगलसूत्र में यही काले मोती सुहाग की सबसे बड़ी ढाल माने जाते हैं. ये शनि का प्रतीक होकर बुरी नजर, राहु केतु के दुष्प्रभाव और नकारात्मक ऊर्जा से रक्षा करते हैं. सोने और काले मोतियों का मेल सूर्य शनि संतुलन बनाकर दांपत्य जीवन में शांति व सुरक्षा लाता है.

कई लोग काले रंग को अशुभ मानते हैं, लेकिन सुहागन के मंगलसूत्र में वही काले मोती सबसे खास माने जाते हैं. शादी के बाद हर स्त्री इसे पहनती है, क्योंकि इसके पीछे गहरी आध्यात्मिक मान्यताएँ और पति की रक्षा से जुड़ा विश्वास छिपा होता है.

Local18

महंत स्वामी कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं कि काले मोती, शनि ग्रह का प्रतीक माने जाते हैं. माना जाता है कि मंगलसूत्र पहनने से पत्नी-पति पर आने वाली शनि की बाधाओं को अपने ऊपर ले लेती हैं जिससे पति के जीवन में सुख और सुरक्षा बनी रहती है.

Local18

काला रंग सबसे पहले बुरी नजर को अपनी ओर खींचता है. मंगलसूत्र के काले मोती पति-पत्नी पर पड़ने वाली नजर को सोख लेते हैं. इसे नजर ढाल की तरह माना जाता है जो सुहाग की रक्षा करता है और दांपत्य जीवन को सुरक्षित रखता है.

Add News18 as
Preferred Source on Google

Local18

ज्योतिष मान्यता के अनुसार राहु-केतु विवाह में रुकावटें और परेशानियाँ पैदा करते हैं. मंगलसूत्र में काला रंग इन्हें शांत करने का काम करता है. माना जाता है कि इससे वैवाहिक संबंध में स्थिरता आती है और जीवन में अनचाहे तनाव कम होते हैं.

Local18

मंगलसूत्र में सोना सूर्य का प्रतीक है और काले मोती शनि का. सूर्य और शनि को शत्रु ग्रह कहा गया है लेकिन जब दोनों साथ आते हैं तो संतुलन बनता है. यही संतुलन पति-पत्नी के रिश्ते में शांति, प्रेम और मजबूत समझदारी लाने में मदद करता है.

Local18

ऋग्वेद में लिखा है कृष्णमणि सुवर्णेन संयुक्तं सुहागकृत्. यानी जब काले मोती सोने के साथ जुड़े हों तो वह सुहाग की रक्षा करते हैं. इसी वजह से मंगलसूत्र को बेहद पवित्र माना गया है और इसे किसी दूसरे को देने की मनाही बताई गई है.

Local18

जैसे बच्चों को बुरी नजर से बचाने के लिए काजल का टीका लगाया जाता है उसी तरह पत्नी को नकारात्मक ऊर्जा से बचाने के लिए मंगलसूत्र में काले मोती लगाए जाते हैं. यह एक पुरानी परंपरा है जो आज भी सुहाग की सुरक्षा का प्रतीक मानी जाती है.

Local18

माना जाता है कि मंगलसूत्र के मोती सिर्फ ग्रह-नक्षत्रों से जुड़े नहीं बल्कि शिव और शक्ति के मिलन का भी प्रतीक हैं. यह पति-पत्नी के रिश्ते में एकता, विश्वास और अटूट बंधन का संकेत देते हैं, इसलिए इसे जीवन भर संजोकर रखने की परंपरा है.

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homedharm

काला रंग माना जाता है अशुभ, फिर मंगलसूत्र के काले मोती कैसे बन जाते हैं शुभ?

[ad_2]