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Abdul Rahim Qazi Joins Congress Party: पश्चिम बंगाल के विधानसभा सदस्य अब्दुल रहीम काजी सोमवार यानी 30 मार्च को कांग्रेस में शामिल हो गए हैं. हाल में उन्होंने तृणमूल कांग्रेस (TMC) से इस्तीफा दिया था. उत्तर 24 परगना जिले की बदुरिया विधानसभा सीट से वर्तमान विधायक काजी ने TMC से टिकट कटने के बाद रविवार यानी 29 मार्च को पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था. अब कांग्रेस के टिकट पर काजी बदुरिया से चुनाव लड़ेंगे. काजी ने कांग्रेस के पश्चिम बंगाल प्रभारी गुलाम अहमद मीर, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष शुभांकर सरकार और कुछ अन्य नेताओं की मौजूदगी में कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की.
गुलाम अहमद मीर ने काजी का पार्टी में किया स्वागत
कांग्रेस के पश्चिम बंगाल प्रभारी गुलाम अहमद मीर ने पार्टी में काजी का स्वागत करते हुए कहा कि अब्दुल रहीम काजी पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक जाना-माना नाम हैं. वे अपने काम और जनसेवा के लिए अपने क्षेत्र में जाने जाते हैं. काजी पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में कांग्रेस में शामिल होकर अपने क्षेत्र के लिए काम करना चाहते हैं. आपका कांग्रेस परिवार में स्वागत है.
50 साल तक मेरे पिता कांग्रेस के सदस्य रहे – काजी
अब्दुल रहीम काजी ने कांग्रेस का सदस्यता लेने के बाद कहा कि पश्चिम बंगाल की राजनीति में मेरे पिता 50 साल तक सक्रिय रहे. वे कांग्रेस के 50 साल तक सदस्य रहे. कांग्रेस में शामिल होकर मैं अपने घर लौट रहा हूं, मुझे इस बात की बहुत खुशी हो रही है.
TMC पर कोई असर नहीं पड़ेगा – पूर्व मंत्री
बसीरहाट संगठनात्मक जिले की छह विधानसभा सीटों पर TMC ने बड़े बदलाव किए. TMC ने संदेशखाली, बसीरहाट उत्तर, बसीरहाट दक्षिण, हारोआ, हिंगलगंज और बदुरिया के वर्तमान विधायकों को टिकट नहीं दिए. बदुरिया से उम्मीदवार के तौर पर बुरहानुल मुकद्दिम लिटन को चुना गया. इस पर प्रतिक्रिया देते हुए पूर्व मंत्री ज्योतिप्रिय मल्लिक ने कहा कि उम्मीदवारों के चयन के मामले में पार्टी का फैसला ही अंतिम होता है. अगर कोई अपनी निजी नाराजगी की वजह से पार्टी छोड़ देता है, भले ही वो विधायक ही क्यों न हो इससे TMC पर कोई असर नहीं पड़ेगा.
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कांग्रेस में शामिल हुए अब्दुल रहीम काजी कौन हैं, चुनाव से ठीक पहले TMC से इस्तीफा, दिया बड़ा झट




