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समझौते के साथ निपटा निकाय कर्मी और पार्षद विवाद


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नगर के बाजारों में अतिक्रमण हटाने गई टीम के सदस्यों के साथ पार्षद दलीप माटा का हुआ विवाद शुक्रवार से मंगलवार तक चर्चाओं का विषय बना रहा। मंगलवार देर शाम इस मामले में भाजपा जिलाध्यक्ष हुकमचंद के बीच में आकर समझौता करा दिए जाने के बाद आपसी समझौते के साथ निपट गया।
शुक्रवार को इस वाक्या के सामने आने के बाद इन कर्मचारियों ने नगर परिषद सचिव प्रवीन कुमार को शिकायत देकर पार्षद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की गुहार लगाई थी। शनिवार और रविवार को अवकाश रहा, इस वजह से मामला ठंडा रहा। सोमवार की सुबह से शाम तक मामला सुलझ नहीं पाया। मंगलवार को इस मामले में देर शाम तक गहमागहमी चलती रही। प्रशासन तक मामला पहुंचने के बाद जिला नगर आयुक्त भारत भूषण गोगिया नगर परिषद पहुंचे और निकाय कर्मचारियों को समझाने की कोशिश मगर बात नहीं बनी। उसके बाद तहसीलदार रेवाड़ी प्रदीप देशवाल ने भी इनकी बातों को सुनने के बाद कर्मचारी नेताओं के साथ अलग से बैठक की। उसके बाद माटा पर एफआईआर दर्ज हो गई मगर देर रात डेढ़ दर्जन पार्षद थाने पहुंच गए। मंगलवार को देर शाम भाजपा जिलाध्यक्ष ने नप सभागार में पार्षदों की बंद कमरे में ली बैठक में पार्षद ने अपनी गलती स्वीकार कर ली और दोनों पक्षों में समझौता हो गया। उधर कर्मचारी भी पार्षद पर दर्ज कराई गई एफआईआर रद्द कराने पर सहमत हो गए। इसके लिए पुलिस को शपथ पत्र दिया जाएगा। ऐसा होने के बाद बुधवार को नगर परिषद की सीटों पर कर्मचारी काम करते दिखाई दिए।

नगर के बाजारों में अतिक्रमण हटाने गई टीम के सदस्यों के साथ पार्षद दलीप माटा का हुआ विवाद शुक्रवार से मंगलवार तक चर्चाओं का विषय बना रहा। मंगलवार देर शाम इस मामले में भाजपा जिलाध्यक्ष हुकमचंद के बीच में आकर समझौता करा दिए जाने के बाद आपसी समझौते के साथ निपट गया।

शुक्रवार को इस वाक्या के सामने आने के बाद इन कर्मचारियों ने नगर परिषद सचिव प्रवीन कुमार को शिकायत देकर पार्षद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की गुहार लगाई थी। शनिवार और रविवार को अवकाश रहा, इस वजह से मामला ठंडा रहा। सोमवार की सुबह से शाम तक मामला सुलझ नहीं पाया। मंगलवार को इस मामले में देर शाम तक गहमागहमी चलती रही। प्रशासन तक मामला पहुंचने के बाद जिला नगर आयुक्त भारत भूषण गोगिया नगर परिषद पहुंचे और निकाय कर्मचारियों को समझाने की कोशिश मगर बात नहीं बनी। उसके बाद तहसीलदार रेवाड़ी प्रदीप देशवाल ने भी इनकी बातों को सुनने के बाद कर्मचारी नेताओं के साथ अलग से बैठक की। उसके बाद माटा पर एफआईआर दर्ज हो गई मगर देर रात डेढ़ दर्जन पार्षद थाने पहुंच गए। मंगलवार को देर शाम भाजपा जिलाध्यक्ष ने नप सभागार में पार्षदों की बंद कमरे में ली बैठक में पार्षद ने अपनी गलती स्वीकार कर ली और दोनों पक्षों में समझौता हो गया। उधर कर्मचारी भी पार्षद पर दर्ज कराई गई एफआईआर रद्द कराने पर सहमत हो गए। इसके लिए पुलिस को शपथ पत्र दिया जाएगा। ऐसा होने के बाद बुधवार को नगर परिषद की सीटों पर कर्मचारी काम करते दिखाई दिए।

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