भगत सिंह पार्किंग की दुकानें लेने के लिए पांचवीं बार भी नहीं आया कोई


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रोहतक। सात करोड़ रुपये में बनकर तैयार हुई भगत सिंह पार्किंग की दुकानों की पांचवीं बार भी बोली लगाने एक भी व्यक्ति नहीं आया। मंगलवार को बोली लगाने के लिए आई नगर निगम की पांच सदस्यीय टीम करीब डेढ़ घंटे तक लोगों के आने का इंतजार करती रही। वहीं, अस्थायी दुकानदारों ने पार्किंग में जगह की मांग की, जिससे टीम ने पल्ला झाड़ लिया।
मुख्यमंत्री के मशविरा पर पांच जून को प्रदेश के स्थानीय निकाय मंत्री डॉ. कमल गुप्ता भगत सिंह पार्किंग का मुआयना करने आए थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की इच्छा है कि भगत सिंह पार्किंग में मार्केट बनाई जाए, इसलिए निगम अधिकारी सात दिन में मार्केट बनाने की योजना का खाका खींचकर भेजे। इस दरमियान मौजूद लोगों ने पार्किंग के पहली और दूसरी मंजिल पर बनी दुकानों के दाम कम करने की मांग की, जिस पर भरोसा दिया गया। इसके बाद निगम अधिकारियों ने तय किया कि 2019 में निगम ने जिस दाम पर चार बार बोली लगवाई थी, उसी रेट पर बोली लगवाएंगे। वजह, तीन साल में जमीनों के रेट काफी बढ़ चुके हैं मगर निगम नहीं बढ़ाएगा। निगम के ऐसा करने से लोगों को काफी राहत मिलेगी। जिसके तहत मंगलवार को नगर निगम के डीएमसी हरबीर सिंह, एटीपी एवं भू-अधिकारी तिलकराज समेत पांच सदस्यीय टीम पूर्वाह्न करीब 11 बजे भगत सिंह पार्किंग पहुंची। निगम ने करीब 30 बोली दाताओं के बैठने की व्यवस्था की थी। करीब साढ़े बारह बजे तक निगम की टीम खाली सीटों के सामने बैठी रही मगर एक भी बोलीदाता नहीं आया।
वहीं, कुछ लोगों ने निगम के अधिकारियों से कहा कि जिस समय पार्किंग का निर्माण हो रहा था, तभी उन्हें ठिकाना देने का आश्वासन दिया गया था, इसलिए उन्हें जीविकोपार्जन के लिए ठिकाना दिया जाए। इस पर निगम के अधिकारियों ने कहा कि उनके पास में ऐसा कोई पत्र नहीं है जिसके तहत उनको ठिकाना दिया जाना है। वह, दुकानों की बोली लगाने के लिए आए हैं, यदि कोई मांग पत्र देना है तो दे सकते हैं। इस पर मांग करने वालों ने मांग पत्र भी नहीं दिया।
वर्जन-
भगत सिंह पार्किंग की प्रथम व द्वितीय तल पर बनी दुकानों की बोली लगाने के लिए निगम की टीम इंतजार करती रही मगर एक भी बोलीदाता नहीं आया। जिसकी वजह से करीब साढ़े बारह बजे टीम को लौटना पड़ा।
– हरबीर सिंह, डीएमसी नगर निगम
जब कोई बोलीदाता नहीं आया तो करीब डेढ़ घंटे बाद टीम लौट आई। कुछ लोगों ने आकर जगह देने की मांग की थी, जिस पर उनसे मांग पत्र देने के लिए कहा मगर किसी ने भी पत्र नहीं दिया।
– तिलकराज, एटीपी एवं भू-अधिकारी नगर निगम
0- भगत सिंह पार्किंग एक नजर में
– निर्माण 2015-16 में हुआ जिसका रकबा 788 वर्गगज व निर्मित एरिया 9342 वर्ग फीट है
– भूतल 744 वर्गगज व धरातल 266 वर्गगज है। 120 दोपहिया व 10 चार कार पार्किंग की जगह
– प्रथम व द्वितीय तल का रकबा 788 वर्ग फीट हैं जिसमें 14-14 दुकानें, हरेक का रकबा 33 वर्गगज
– भगत सिंह पार्किंग का निर्माण पीडब्ल्यूडी बीएंडआर ने 7.34 करोड़ रुपये में करवाया
– प्रथम तल पर 33 वर्गगज की प्रत्येक दुकान की कीमत 41 लाख और 25 हजार रुपये किराया
– द्वितीय तल पर 33 वर्ग गज की प्रत्येक दुकान की कीमत 40 रुपये और 22000 रुपये किराया
0- कब-कब नगर निगम ने दुकानों की लगवाई बोली
– निगम ने 10 साल किराये अथवा लीज पर दुकान देने के लिए 11 सितंबर 2019, 13 सितंबर 2019, 28 नवंबर 2019 व 20 दिसंबर 2019 को बोली रखी मगर बोलीदाताओं ने कोई रुचि नहीं दिखाई।
0- रेट कम होगी तब मिलेगी रुचि लेंगे बोलीदाता
लोगों ने बताया कि भगत सिंह पार्किंग की दुकानें के रेट निगम ने काफी रखे हैं। जब तक निगम दाम कम नहीं करेगा तब तक बोली लगाने वाले नहीं आएंगे। लोगों का कहना है कि भले ही पार्किंग दो प्रमुख बाजारों के बीच में हैं मगर दोनों बाजारों की तुलना में यहां के कम लोग गुजरते हैं।

रोहतक। सात करोड़ रुपये में बनकर तैयार हुई भगत सिंह पार्किंग की दुकानों की पांचवीं बार भी बोली लगाने एक भी व्यक्ति नहीं आया। मंगलवार को बोली लगाने के लिए आई नगर निगम की पांच सदस्यीय टीम करीब डेढ़ घंटे तक लोगों के आने का इंतजार करती रही। वहीं, अस्थायी दुकानदारों ने पार्किंग में जगह की मांग की, जिससे टीम ने पल्ला झाड़ लिया।

मुख्यमंत्री के मशविरा पर पांच जून को प्रदेश के स्थानीय निकाय मंत्री डॉ. कमल गुप्ता भगत सिंह पार्किंग का मुआयना करने आए थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की इच्छा है कि भगत सिंह पार्किंग में मार्केट बनाई जाए, इसलिए निगम अधिकारी सात दिन में मार्केट बनाने की योजना का खाका खींचकर भेजे। इस दरमियान मौजूद लोगों ने पार्किंग के पहली और दूसरी मंजिल पर बनी दुकानों के दाम कम करने की मांग की, जिस पर भरोसा दिया गया। इसके बाद निगम अधिकारियों ने तय किया कि 2019 में निगम ने जिस दाम पर चार बार बोली लगवाई थी, उसी रेट पर बोली लगवाएंगे। वजह, तीन साल में जमीनों के रेट काफी बढ़ चुके हैं मगर निगम नहीं बढ़ाएगा। निगम के ऐसा करने से लोगों को काफी राहत मिलेगी। जिसके तहत मंगलवार को नगर निगम के डीएमसी हरबीर सिंह, एटीपी एवं भू-अधिकारी तिलकराज समेत पांच सदस्यीय टीम पूर्वाह्न करीब 11 बजे भगत सिंह पार्किंग पहुंची। निगम ने करीब 30 बोली दाताओं के बैठने की व्यवस्था की थी। करीब साढ़े बारह बजे तक निगम की टीम खाली सीटों के सामने बैठी रही मगर एक भी बोलीदाता नहीं आया।

वहीं, कुछ लोगों ने निगम के अधिकारियों से कहा कि जिस समय पार्किंग का निर्माण हो रहा था, तभी उन्हें ठिकाना देने का आश्वासन दिया गया था, इसलिए उन्हें जीविकोपार्जन के लिए ठिकाना दिया जाए। इस पर निगम के अधिकारियों ने कहा कि उनके पास में ऐसा कोई पत्र नहीं है जिसके तहत उनको ठिकाना दिया जाना है। वह, दुकानों की बोली लगाने के लिए आए हैं, यदि कोई मांग पत्र देना है तो दे सकते हैं। इस पर मांग करने वालों ने मांग पत्र भी नहीं दिया।

वर्जन-

भगत सिंह पार्किंग की प्रथम व द्वितीय तल पर बनी दुकानों की बोली लगाने के लिए निगम की टीम इंतजार करती रही मगर एक भी बोलीदाता नहीं आया। जिसकी वजह से करीब साढ़े बारह बजे टीम को लौटना पड़ा।

– हरबीर सिंह, डीएमसी नगर निगम

जब कोई बोलीदाता नहीं आया तो करीब डेढ़ घंटे बाद टीम लौट आई। कुछ लोगों ने आकर जगह देने की मांग की थी, जिस पर उनसे मांग पत्र देने के लिए कहा मगर किसी ने भी पत्र नहीं दिया।

– तिलकराज, एटीपी एवं भू-अधिकारी नगर निगम

0- भगत सिंह पार्किंग एक नजर में

– निर्माण 2015-16 में हुआ जिसका रकबा 788 वर्गगज व निर्मित एरिया 9342 वर्ग फीट है

– भूतल 744 वर्गगज व धरातल 266 वर्गगज है। 120 दोपहिया व 10 चार कार पार्किंग की जगह

– प्रथम व द्वितीय तल का रकबा 788 वर्ग फीट हैं जिसमें 14-14 दुकानें, हरेक का रकबा 33 वर्गगज

– भगत सिंह पार्किंग का निर्माण पीडब्ल्यूडी बीएंडआर ने 7.34 करोड़ रुपये में करवाया

– प्रथम तल पर 33 वर्गगज की प्रत्येक दुकान की कीमत 41 लाख और 25 हजार रुपये किराया

– द्वितीय तल पर 33 वर्ग गज की प्रत्येक दुकान की कीमत 40 रुपये और 22000 रुपये किराया

0- कब-कब नगर निगम ने दुकानों की लगवाई बोली

– निगम ने 10 साल किराये अथवा लीज पर दुकान देने के लिए 11 सितंबर 2019, 13 सितंबर 2019, 28 नवंबर 2019 व 20 दिसंबर 2019 को बोली रखी मगर बोलीदाताओं ने कोई रुचि नहीं दिखाई।

0- रेट कम होगी तब मिलेगी रुचि लेंगे बोलीदाता

लोगों ने बताया कि भगत सिंह पार्किंग की दुकानें के रेट निगम ने काफी रखे हैं। जब तक निगम दाम कम नहीं करेगा तब तक बोली लगाने वाले नहीं आएंगे। लोगों का कहना है कि भले ही पार्किंग दो प्रमुख बाजारों के बीच में हैं मगर दोनों बाजारों की तुलना में यहां के कम लोग गुजरते हैं।

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Written by Haryanacircle

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