पुन: जांच में अंक बढ़ने के बजाय सकते हैं घट, बोर्ड ने लागू किए नियम


ख़बर सुनें

यमुनानगर। हरियाणा बोर्ड ने दसवीं और 12वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम जारी कर दिया है। इसी के साथ ही बोर्ड ने उत्तर पुस्तिका पुन: जांच की सुविधा का विकल्प भी खोल दिया है। आवेदन के लिए 15 दिन शेष रह गए हैं। आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों के लिए बोर्ड की ओर से नियम निर्धारित किए गए हैं। बोर्ड की ओर से जारी नियम के तहत पुन: जांच में दिए गए अंक ही मान्य होंगे।
उल्लेखनीय है कि यदि पूर्व में आवेदक विद्यार्थी को 50 अंक मिले थे और पुन: जांच में इसका जोड़ कम होता है तो बाद में जांच में मिले अंक ही मान्य होंगे।
जांच के बाद यह अंक बोर्ड पोर्टल पर प्रमाणपत्र में अंकित कर दिया जाएगा। हालांकि इस बार 10वीं, 12वीं कक्षा का परिणाम पिछले साल की अपेक्षा बेहतर रहा है। जिले का 12वीं का परिणाम प्रतिशत 88.47 रहा। इस दौरान कुल 11560 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। जिसमें से 10227 उत्तीर्ण हुए और 1057 की कंपार्टमेंट आई है।
इसी तरह दसवीं का परिणाम कुल 78.70 प्रतिशत रहा। दसवीं में भी अधिकतर विद्यार्थियों की कंपार्टमेंट है। ऐसे विद्यार्थियों के पास पुन: जांच (रिचेकिंग) का विकल्प है। बोर्ड ने परिणाम तिथि से 20 दिन तक पुन: जांच का आवेदन करने का समय दिया है। अभी विद्यार्थियों के पास आवेदन के लिए 15 दिन बाकी हैं। यह आवेदन और इसका शुल्क ऑनलाइन देना होगा। इस बारे में उप जिला शिक्षा अधिकारी शिव कुमार धीमान ने कहा कि बोर्ड की ओर से पत्र जारी किया गया है। पुन: जांच के लिए विद्यार्थी को ऑनलाइन आवेदन कर शुल्क जमा करवाना होगा।
बाक्स
आवेदन के लिए ये हैं नियम
-पुन: जांच के आवेदन व शुल्क परिणाम जारी होने के 20 दिन के भीतर केवल ऑनलाइन प्राप्त किए जाएंगे। अन्य किसी माध्यम से आवेदन स्वीकार नहीं होगा।
-पुन: जांच शुल्क 250 रुपये प्रति उत्तरपुस्तिका निर्धारित किया गया है।
-अधूरा और बिना शुल्क का आवेदन रद्द कर दिया जाएगा। परीक्षार्थी का इस संदर्भ में कोई दावा स्वीकार नहीं किया जाएगा और न ही किसी प्रकार की फीस वापस की जाएगी।
-एक से अधिक उत्तर पुस्तिका की पुन: जांच के लिए एक ही आवेदन पत्र भरा जाएगा। इसका शुल्क एक साथ जमा होगा। पुन: जांच के लिए फीस वापस नहीं होगी।
-पुन: जांच के विषयों में यदि कम अंक होंगे, तो परीक्षार्थी के कम अंक ही गिने जाएंगे। पूर्व अर्जित अंक मान्य नहीं होंगे।
-पुन: जांच की सुविधा उत्तर पुस्तिका उपलब्ध होने पर ही दी जाएगी। किसी कारणवश उत्तर पुस्तिका उपलब्ध न होने पर सूची में दर्शाए गए प्राप्तांक ही मान्य होंगे। वहीं कार्यालय पुन: जांच के लिए बाध्य नहीं होगा। ऐसी स्थिति में शुल्क वापस देय होगा।
-पुन: जांच के बाद परिणाम की सूचना बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी।
-परीक्षार्थी, माता-पिता और अभिभावकों को उत्तर पुस्तिका नहीं दिखाई जाएगी।
-पुन: जांच केवल लिखित परीक्षा में ही करवाई जा सकती है।
-किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई केवल भिवानी न्यायालय में होगी।

यमुनानगर। हरियाणा बोर्ड ने दसवीं और 12वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम जारी कर दिया है। इसी के साथ ही बोर्ड ने उत्तर पुस्तिका पुन: जांच की सुविधा का विकल्प भी खोल दिया है। आवेदन के लिए 15 दिन शेष रह गए हैं। आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों के लिए बोर्ड की ओर से नियम निर्धारित किए गए हैं। बोर्ड की ओर से जारी नियम के तहत पुन: जांच में दिए गए अंक ही मान्य होंगे।

उल्लेखनीय है कि यदि पूर्व में आवेदक विद्यार्थी को 50 अंक मिले थे और पुन: जांच में इसका जोड़ कम होता है तो बाद में जांच में मिले अंक ही मान्य होंगे।

जांच के बाद यह अंक बोर्ड पोर्टल पर प्रमाणपत्र में अंकित कर दिया जाएगा। हालांकि इस बार 10वीं, 12वीं कक्षा का परिणाम पिछले साल की अपेक्षा बेहतर रहा है। जिले का 12वीं का परिणाम प्रतिशत 88.47 रहा। इस दौरान कुल 11560 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। जिसमें से 10227 उत्तीर्ण हुए और 1057 की कंपार्टमेंट आई है।

इसी तरह दसवीं का परिणाम कुल 78.70 प्रतिशत रहा। दसवीं में भी अधिकतर विद्यार्थियों की कंपार्टमेंट है। ऐसे विद्यार्थियों के पास पुन: जांच (रिचेकिंग) का विकल्प है। बोर्ड ने परिणाम तिथि से 20 दिन तक पुन: जांच का आवेदन करने का समय दिया है। अभी विद्यार्थियों के पास आवेदन के लिए 15 दिन बाकी हैं। यह आवेदन और इसका शुल्क ऑनलाइन देना होगा। इस बारे में उप जिला शिक्षा अधिकारी शिव कुमार धीमान ने कहा कि बोर्ड की ओर से पत्र जारी किया गया है। पुन: जांच के लिए विद्यार्थी को ऑनलाइन आवेदन कर शुल्क जमा करवाना होगा।

बाक्स

आवेदन के लिए ये हैं नियम

-पुन: जांच के आवेदन व शुल्क परिणाम जारी होने के 20 दिन के भीतर केवल ऑनलाइन प्राप्त किए जाएंगे। अन्य किसी माध्यम से आवेदन स्वीकार नहीं होगा।

-पुन: जांच शुल्क 250 रुपये प्रति उत्तरपुस्तिका निर्धारित किया गया है।

-अधूरा और बिना शुल्क का आवेदन रद्द कर दिया जाएगा। परीक्षार्थी का इस संदर्भ में कोई दावा स्वीकार नहीं किया जाएगा और न ही किसी प्रकार की फीस वापस की जाएगी।

-एक से अधिक उत्तर पुस्तिका की पुन: जांच के लिए एक ही आवेदन पत्र भरा जाएगा। इसका शुल्क एक साथ जमा होगा। पुन: जांच के लिए फीस वापस नहीं होगी।

-पुन: जांच के विषयों में यदि कम अंक होंगे, तो परीक्षार्थी के कम अंक ही गिने जाएंगे। पूर्व अर्जित अंक मान्य नहीं होंगे।

-पुन: जांच की सुविधा उत्तर पुस्तिका उपलब्ध होने पर ही दी जाएगी। किसी कारणवश उत्तर पुस्तिका उपलब्ध न होने पर सूची में दर्शाए गए प्राप्तांक ही मान्य होंगे। वहीं कार्यालय पुन: जांच के लिए बाध्य नहीं होगा। ऐसी स्थिति में शुल्क वापस देय होगा।

-पुन: जांच के बाद परिणाम की सूचना बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी।

-परीक्षार्थी, माता-पिता और अभिभावकों को उत्तर पुस्तिका नहीं दिखाई जाएगी।

-पुन: जांच केवल लिखित परीक्षा में ही करवाई जा सकती है।

-किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई केवल भिवानी न्यायालय में होगी।

.


What do you think?

Written by Haryanacircle

महिला ने पति व ससुरालवालों पर लगाया रुपये लेकर देह व्यापार कराने का आरोप प

निगम की टीम ने चलाया अतिक्रमण हटाओ व जागरुकता अभियान