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एसडीएम ने शुरू की वर्ष 2010 से 2017 के बीच की रजिस्ट्री जांच , तीन महीने में तैयार होगी रिपोर्ट


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हिसार। एसडीएम अश्वीर नैन की अध्यक्षता में बनी कमेटी ने वर्ष 2010 से 2017 के बीच हुई रजिस्ट्रियों की जांच शुरू कर दी है। कमेटी सभी रजिस्ट्री के मूल दस्तावेज जांचेगी। बिना एनओसी कृषि योग्य भूमि की रजिस्ट्री के मामलों की रिपोर्ट तैयार कर अधिकारियों को सौंपी जाएगी। कमेटी हर महीने अपनी ब्रीफ रिपोर्ट देगी। तीन महीने में फाइनल रिपोर्ट दी जाएगी।
सीएम मनोहरलाल ने हरियाणा विकास और शहरी क्षेत्रों के नियमन अधिनियम, 1975 की धारा 7 ए के तहत मानदंडों के उल्लंघन की जांच के लिए राज्यभर में 2010 से 2017 के बीच की गई रजिस्ट्री की जांच के आदेश दिए थे। दरअसल गुरुग्राम में धारा 7 ए के मामलों में नियमों के उल्लंघन की शिकायत मिली थी। जांच में आरोप सही मिले तो अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की थी। जिसके बाद कांग्रेस नेता किरण चौधरी ने विधानसभा में रजिस्ट्री घोटालों का मामला उठाया था। इनेलो के प्रधान महासचिव अभय सिंह चौटाला ने करनाल में इस तरह की अनियमितताओं को उजागर किया था। जिसके बाद सीएम ने पूरे प्रदेश में ऐसे मामलों की जांच के आदेश दिए थे।
तीन महीने में पूरी करनी होगी जांच….
प्रदेश के सभी मंडल आयुक्तों को इसकी जांच रिपोर्ट तैयार कराने के आदेश दिए गए थे। मंडल आयुक्त अपने क्षेत्र के टाऊन कंट्री प्लानिंग के तहत कंट्रोल एरिया की रजिस्ट्रियों की जांच कराएंगे। मंडल स्तर की रिपोर्ट को संकलित कर उच्च अधिकारियों को देंगे। तीन महीने में यह जांच पूरी करने के निर्देश हैं।
हांसी- हिसार की रजिस्ट्री की होगी जांच…
हिसार जिले में हिसार शहर तथा हांसी एरिया के बाहरी हिस्सों की रजिस्ट्री जांची जाएगी। यह कंट्रोल एरिया के तहत आते हैं। इन रजिस्ट्री में केवल सील डीड की जांच होगी। जिसमें किसी ने अपनी जमीन बेची होगी वह रजिस्ट्री ही जांच दायरे में आएगी। अपने परिजनों के नाम जमीन कराने, मृत्यु के बाद वारिसों को जमीन हस्तांतरण की जांच नहीं होगी।
बाहरी एरिया में बसाई गई कॉलोनियां……
नगर निगम, नगर पालिकाओं के नियंत्रित क्षेत्रों में बिना एनओसी अचल संपत्तियों की बिक्री और खरीद की जांच की जाएगी। नियमों के अनुसार दो एकड़ से कम एरिया की रजिस्ट्री बिना एनओसी नहीं की जा सकती। कंट्रोल एरिया में इस तरह की रजिस्ट्री कर अवैध कॉलोनियां विकसित की गई थी।
गठरी में बंधी रजिस्ट्री जांचेगी टीम –
वर्ष 2018 से पहले की रजिस्ट्री के दस्तावेज गठरी में बांध कर रखे गए हैं। एसडीएम की टीम मूल दस्तावेजों की जांच करेगी। जरूरत पड़ने पर संबंधित लोगों को बुलाया जाएगा।
प्रदेश भर में जांच की प्रक्रिया चल रही है। मंडल आयुक्त के निर्देश अनुसार हर महीने ब्रीफ रिपोर्ट देनी है। तीन महीने में जांच पूरी कर दी जाएगी। जिसमें फाइनल रिपोर्ट सौंप दी जाएगी।
– अश्वीर नैन, एसडीएम, हिसार।

हिसार। एसडीएम अश्वीर नैन की अध्यक्षता में बनी कमेटी ने वर्ष 2010 से 2017 के बीच हुई रजिस्ट्रियों की जांच शुरू कर दी है। कमेटी सभी रजिस्ट्री के मूल दस्तावेज जांचेगी। बिना एनओसी कृषि योग्य भूमि की रजिस्ट्री के मामलों की रिपोर्ट तैयार कर अधिकारियों को सौंपी जाएगी। कमेटी हर महीने अपनी ब्रीफ रिपोर्ट देगी। तीन महीने में फाइनल रिपोर्ट दी जाएगी।

सीएम मनोहरलाल ने हरियाणा विकास और शहरी क्षेत्रों के नियमन अधिनियम, 1975 की धारा 7 ए के तहत मानदंडों के उल्लंघन की जांच के लिए राज्यभर में 2010 से 2017 के बीच की गई रजिस्ट्री की जांच के आदेश दिए थे। दरअसल गुरुग्राम में धारा 7 ए के मामलों में नियमों के उल्लंघन की शिकायत मिली थी। जांच में आरोप सही मिले तो अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की थी। जिसके बाद कांग्रेस नेता किरण चौधरी ने विधानसभा में रजिस्ट्री घोटालों का मामला उठाया था। इनेलो के प्रधान महासचिव अभय सिंह चौटाला ने करनाल में इस तरह की अनियमितताओं को उजागर किया था। जिसके बाद सीएम ने पूरे प्रदेश में ऐसे मामलों की जांच के आदेश दिए थे।

तीन महीने में पूरी करनी होगी जांच….

प्रदेश के सभी मंडल आयुक्तों को इसकी जांच रिपोर्ट तैयार कराने के आदेश दिए गए थे। मंडल आयुक्त अपने क्षेत्र के टाऊन कंट्री प्लानिंग के तहत कंट्रोल एरिया की रजिस्ट्रियों की जांच कराएंगे। मंडल स्तर की रिपोर्ट को संकलित कर उच्च अधिकारियों को देंगे। तीन महीने में यह जांच पूरी करने के निर्देश हैं।

हांसी- हिसार की रजिस्ट्री की होगी जांच…

हिसार जिले में हिसार शहर तथा हांसी एरिया के बाहरी हिस्सों की रजिस्ट्री जांची जाएगी। यह कंट्रोल एरिया के तहत आते हैं। इन रजिस्ट्री में केवल सील डीड की जांच होगी। जिसमें किसी ने अपनी जमीन बेची होगी वह रजिस्ट्री ही जांच दायरे में आएगी। अपने परिजनों के नाम जमीन कराने, मृत्यु के बाद वारिसों को जमीन हस्तांतरण की जांच नहीं होगी।

बाहरी एरिया में बसाई गई कॉलोनियां……

नगर निगम, नगर पालिकाओं के नियंत्रित क्षेत्रों में बिना एनओसी अचल संपत्तियों की बिक्री और खरीद की जांच की जाएगी। नियमों के अनुसार दो एकड़ से कम एरिया की रजिस्ट्री बिना एनओसी नहीं की जा सकती। कंट्रोल एरिया में इस तरह की रजिस्ट्री कर अवैध कॉलोनियां विकसित की गई थी।

गठरी में बंधी रजिस्ट्री जांचेगी टीम –

वर्ष 2018 से पहले की रजिस्ट्री के दस्तावेज गठरी में बांध कर रखे गए हैं। एसडीएम की टीम मूल दस्तावेजों की जांच करेगी। जरूरत पड़ने पर संबंधित लोगों को बुलाया जाएगा।

प्रदेश भर में जांच की प्रक्रिया चल रही है। मंडल आयुक्त के निर्देश अनुसार हर महीने ब्रीफ रिपोर्ट देनी है। तीन महीने में जांच पूरी कर दी जाएगी। जिसमें फाइनल रिपोर्ट सौंप दी जाएगी।

– अश्वीर नैन, एसडीएम, हिसार।

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