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पीएम मोदी जापान यात्रा: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी डॉ. वे पूरी तरह से समाप्त हो चुके हैं। ️ इधर️ इधर️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️ चीन ने निकाह के लिए तैयार किया था। है।

चीन के विदेश मंत्री के बारे में बात करने के लिए शहर के बाहरी शहर में बिलाउ शहर में बाहरी मंत्री के साथ बोलू जरदारी के साथ बातचीत कर रहा था। सुरक्षा क्षेत्र कार्यात्मक हैं।

कार्यालय के प्रभारी बिलावल कनेक्‍शन इमरान खान सरकार के गिरने के बाद यह सरकार बनी। वांग ने कहा कि अमेरिकी की ‘हिंद-प्रशान्त नीति’ असफल रणनीति ही रणनीति है। चीन के विदेश मंत्री की वेबसाइट पर अपनी वेबसाइट रखें। जलवायु से संतुलित होने वाले होने के कारण यह सदस्य 24 मई को टोक्यो में रहने वाले थे। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बैन इस, प्रीमियर नरेंद्र मोदी और एंप्लाइड के नाम वाले लोग।

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अमेरिका, जापान, भारत और आस्ट्रेलिया का समूह क्वाड मुक्त एवं खुले हिंद-प्रशांत पर बल देता है, जबकि बीजिंग ने इसकी तुलना ‘एशियाई नाटो’ से की, जिसका उद्देश्य इसके उदय को रोकना था. हिंदुस्तान, भारत के समृद्ध क्षेत्र में समृद्ध होने के साथ-साथ खेती के लिए भी नए नए खुलेंगे। चीन-करीब ने दावा किया है कि चीन के नागरिक पर लागू होने वाले, बैनई, फीलीपिन, ब्रीफिंग, डौग बोर्ड पर दावा करने वाले हैं। चीन ने चीन सागर में कृत्रिम द्वीप और प्रतिष्ठान बनाए हैं। चीन का समुद्र तट भी फिसलन है।

वांग ने कहा कि ‘आजादी’ और ‘खुलापन’ के नाम पर अमेरिका द्वारा ‘तैयार की गिल’ हिंद-प्रशांत नीति ‘रोह’ बनाने की ओर ओर है। चीन का दावा करने के लिए ‘चीन के इस समूह के इस् के साथ मिलकर’ और चीन पर ‘काला’ का विस्तार करना-प्रशांत को शेयर करना का ‘मोहरा’ बनाना है।

ये भी आगे: देखें: पीएम मोदी का स्वागत, जय श्री श्री ️️️️

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Written by Haryanacircle

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